Notes of 9th Class, Social Science SST.solved paper 2019.pdf - Study Material
Page 2 :
हुआ था। मजदूर सामाजिक स्तर पर बटे हुए थे। कुछ मजदूर अपने मूल गाँवों के साथ अभी भी गहरे संबंध बनाए, गया है।, Question is deleted from the syllabus for the Session 2020-21, 10. 1905 ई० से पूर्व रूस की सामाजिक, आर्थिक तथा राजनीतिक दशा का वर्णन कीजिए।, उत्तर- सामाजिक स्थिति-बीसवीं सदी की शुरूआत में रूस की आबादी का एक बहुत बड़ा हिस्सा खेती-बाडी से, 6., हुए थे। मजदूरों में उनकी योग्यता और दक्षता के स्तर पर भी काफी अन्तर था। यह अन्तर उनके पहनावे और व्यव, में भी साफ दिखाई देता था। मजदूरों की तरह किसान भी बँटे हुए थे। किसान बहुत धार्मिक स्वभाव के थे।, आर्थिक स्थिति-ज्यादातर कारखाने उद्योगपतियों की निजी संपत्ति थे। मजदूरों के हितों के लिए सरकार बडे उडोको, पर नज़र रखती थी। अधिकांश कारखाने 1890 के दशक में चालू हुए थे, जब रूस के रेल नेटवर्क को पफैलाया, रहा था। रूसी उद्योगों में विदेशी निवेश भी तेजी से बढ़ रहा था, जिसके परिणामस्वरूप रूस के कोयला उत्पाटय, में दोगुना तथा स्टील उत्पादन में चार गुना वृद्धि हुई थी।, राजनीतिक स्थिति-रूस एक निरंकुश राजतन्त्र था। रूस का सम्राट जार निकोलस द्वितीय राष्ट्रीय संसद के अधीन, नहीं था। उदारवादियों ने इस स्थिति को समाप्त करने के लिए बड़े पैमाने पर प्रयास किये। समाजवादी क्रान्तिकारिम, ने किसानों के अधिकारों के लिए संघर्ष किया। 1905 में खूनी रविवार की घटना हुई। इसमें 100 से ज्यादा लोग, मारे गये और लगभग 300 घायल हुए। इस घटना से ही 1905 की क्रान्ति की शुरूआत हुई।, अथवा, नात्सियों ने जनता पर पूरा नियन्त्रण हासिल करने के लिए कौन-कौन से तरीके अपनाए?, उत्तर- नात्सी राज्य ने अपनी जनता पर पूर्ण नियंत्रण करने के लिए निम्नलिखित कार्य किए-, (i) निरंकुश शासन-हिटलर ने सत्ता संभालते ही देश में निरंकुश शासन स्थापित किया। हिटलर ने नात्सी पार्टी, को छोड़ कर सभी पार्टियों पर प्रतिबंध लगा दिया। उसने मीडिया, सेना, न्यायपालिका पर अपना नियंत्रण, स्थापित कर लिया।, (ii) गेस्टापो अथवा सुरक्षाबल-पूरे समाज को नात्सियों के हिसाब से नियंत्रित और व्यवस्थित करने के लिए, विशेष निगरानी और सुरक्षा दस्ते गठित किए गए। यह पुलिस विभिन्न स्थानों के समाचार प्राप्त करने और, विरोधियों की कार्यवाही का पता लगाने और उनके दमन में बड़ी सहायक सिद्ध हुई।, (iin) प्रेस पर नियंत्रण-प्रेस पर सरकार का पूरा नियंत्रण था। उसे हिटलर की सरकार, नात्सी दल और हिटलर, की आलोचना करने की आज्ञा न थी।, (ip) शिक्षा और मीडिया पर नियंत्रण-शिक्षा संस्थाओं पर सरकार का पूरा नियंत्रण था। शिक्षा संस्थाओं में नात्सी दल, के सिद्धांतों का प्रचार होने लगा। रेडियो, सिनेमा आदि का प्रयोग भी नात्सीवाद का प्रचार करने के लिए किया गया।, () यंत्रणा गृहों की स्थापना-नात्सियों ने अपने विरोधियों, समाजवादियों तथा यहूदियों को यंत्रणा शिविरों में डाल, दिया। इन शिविरों में उन्हें विभिन्न प्रकार की यंत्रणाएँ दी जाती थीं।, (vi) सैनिक शक्ति में वृद्धि करना-वर्साय की. संधि ने जर्मन की सैनिक शक्ति को सीमित कर दिया। लेकिन, हिटलर ने अपनी सैना का विस्तार किया।