Assignment of 6th, Hindi Muhavrr - Study Material
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देखिए- सी, 2: अंगूठा दिखाना (समय पर धोखा देना)-राम ने अपने, साथियों से अपना काम तो निकाल लिया, परन्तु जब साथियों, को काम पड़ा तो उसने अँगूठा दिखा दिया ।, , 'का जबाब पत्थर से देना (करारा जबाब देना)भारतीय सेना शत्रु को ईंट का जवाब पत्थर से देने के लिए, सदैव तैयार रहती है ।, , 3. चाँद पर थूकना (सम्माननीय व्यक्ति पर दोषारोपण, 'करना)-गाँधीजी को निन्दा करना चाँद पर थूकने के समान, है।, 4. जीती मक्खी निगलना (जानबूझकर बुरा कार्य, 'करना)-राम जैसे ईमानदार व्यक्ति के विरुद्ध गवाही देना, जीती मक्खी निगलने के समान है ।, , मुहावरों की विशेषताएँ-, (1) मुहावरा अपरिवर्तनशील होता है ।, , (2) मुहावरा किसी भी भाषा कौ अमूल्य निधि है ।, , (3) मुहावरा बाच्यार्थ की अपेक्षा लक्ष्यार्थ और व्यंग्यार्थपरक, होता है ।, , (4) मुहावरों के प्रयोग से भाषा में अद्भुत शक्ति आ, जाती है ।, , हिन्दी में प्रचलित कुछ मुहावरे,, उनका अर्थ तथा वाक्य-प्रयोग, "2/अक्ल पर पत्थर पड़ना ( मूर्खतापूर्ण आचरण करना) -मेरी, अक्ल पर पत्थर पड़ गए थे जो सुरेश के कहने पर विद्यालय, न जाकर जादूगर का खेल देखता रहा।, *-2 अंधेरे घर का उजाला होना (घर में एकमात्र पुत्र होना)प्रकाश का पुत्र उसके अँधेरे घर का उजाला है ।, 3. अपना उल्लू सीधा करना (अपना स्वार्थ सिद्ध, 'करना)-दीपू कक्षा में हर किसी से कुछ न कुछ माँगकर, अपना उल्लू सीधा करने में लगा रहता है ।, 4. अच्धे के हाथ बटेर लगना ( अनायास हो अयोग्य व्यक्ति, , , , , , , , , , पर (नियन्त्रण में 'रखना)-सीताराम #, , सभी बच्चों को अंकुश में रखता है, मनमानी करने को ३, , नहीं देता । हर, , 9. अपने मुँह मियाँ मिद्दू बनना (अपनी प्रशंसा अ, करता)-मुन्तरा अपनी प्रशंसा आप ही कर रहा था, , दिन वीनू ने कहा कि अपने मुँह मियाँ मिठ्ठू बनना अ<, नहीं है । हि, , (87 आकाश-पाताल एक करना ( अत्यधिक पर, करना)-परीक्षा में प्रथम श्रेणी यों ही नहीं आती, लिए आकाश-पाताल एक करना होता है ।, , 9, आग-बबूला होना (अत्यधिक क्रोधित होना) -तुम्हा, , मित्र इतनी-सी बात पर आग-बबूला हो गया।, , 10. आटे-दाल का भाव मालूम होना (वास्तविकता 5, ज्ञान होना)-गुरुजी बोले, बेटा, बाप के राज में मौज ..., लो, जब घर का भार सिर पर आएगा, तब आटे-दाल 5, भाव मालूम हो जाएगा ।, , (17 आसमान सिर पर उठाना (बहुत शोर या उप, करना)-अध्यापक के कक्षा से बाहर जाते ही छात्रों, आसमान सिर पर उठा लिया ।, , 12. आँखों में धूल झोंकना (धोखा देना)-मैं तुम्हा, असलियत जान गया हूँ, अब तुम मेरी आँखों में धूल रू, झोंक सकते ।, 13. आपे से बाहर होना ( बहुत क्रोधित होना )- अपने मिः, जम होता देखकर रविशंकर आपे से बाहर हो गया, , : आग में घी डालना (झगड़ा बढ़ाना)- जैसे -तैसे मामल, ठण्डा हुआ था कि मोहन ने आकर आग में घी डाल दिया, 15. आस्तीन का साँप होना ( विश्बासघाती होना) -तुम सुर, पर बड़ा विश्वास करते हो न, बह आस्तीन का साँप, , जे दिन भारी धोखा देगा ।, , . आँखों का तारा होना (बहुत प्रिय होना) - आजकः, ब्रजेश अपनी आज्ञाकारिता और बिनम्नता से माँ-बाप 5, आँखों का तारा बना हुआ है ।